उत्तराखंड

आखिर आयुष चिकित्सकों का संघर्ष रंग लाया

उत्तराखंड सरकार द्वारा एक दिन की वेतन कटौती समाप्त होने से आयुष चिकित्सकों एवं कर्मचारियों में खुशी का माहौल है। राजकीय आयुर्वेद एवं यूनानी चिकित्सा सेवा संघ उत्तराखंड (पंजीकृत) के प्रदेश मीडिया प्रभारी *डॉ० डी० सी० पसबोला* ने उत्तराखंड सरकार द्वारा एक दिन की वेतन कटौती​ वापिस लिए जाने पर राज्य सरकार का आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद दिया है।

*डॉ० पसबोला* द्वारा जानकारी देते हुए बताया कि पहले सरकार केवल एलोपैथिक चिकित्सकों एवं कर्मचारियों की वेतन कटौती वापिस लेने पर विचार कर रही थी, जिससे कि आयुष चिकित्सक एवं कर्मचारी सरकार की इस भेदभावपूर्ण नीति के कारण आक्रोशित हो गए थे एवं सभी जगह इस पक्षपातपूर्ण​ निर्णय का विरोध होने लगा। आयुष चिकित्सकों द्वारा विभिन्न प्रिंन्ट, डिजिटल एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के माध्यम से इस प्रकरण को जोर शोर उठाया गया और सरकार पर चौतरफा दबाव बनाया गया। इस मुहिम को सफल बनाने में विभिन्न राजनीतिक दलों का भी भरपूर सहयोग मिला। जिसका परिणाम यह रहा कि सरकार द्वारा दिनांक 14-10-2020 की कैबिनेट में आयुष चिकित्सकों एवं कर्मचारियों सहित सभी विभागों के कार्मिकों की वेतन कटौती बन्द करने का प्रस्ताव पारित कर दिया गया।

इस मुहिम को सफल बनाने में संघ के प्रान्तीय अध्यक्ष डॉ० के० एस० नपलच्याल, उपाध्यक्ष डॉ० अजय चमोला, महासचिव डॉ० हरदेव रावत सहित पूरे संवर्ग का पूर्ण सहयोग रहा। साथ में होम्योपैथिक संघ के प्रान्तीय अध्यक्ष डॉ० अमितराज सिंह नेगी, कोषाध्यक्ष डॉ० रक्षा रतूड़ी एवं उनके संवर्ग का भी सराहनीय योगदान रहा।